Words can create magic and I want to get lost in them for some part of each day.

June 2, 2012

अमलतास .


मैंने देखा है 
अशर्फियों का पेड़ 
सोने के मुहरों के गुच्छे लटकते हैं 
ऐसे चमकता है कि -
सूरज भी कुछ देर शरमा  जाता  है 
और कहता है 
अच्छा , तुम जीते अमलतास -
मेरे सोने की आग तो झुलसाती भी है ,
पर तुम्हारा सोना तो दिल को तपन में भी ठंडक देता है :
अच्छा ,अब मानो  बात -
जाओ जाके कुछ पत्ते  पहन लो :)